भारत

सोशल मीडिया सेंसरशिप लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला: कांग्रेस अध्यक्ष खरगे

नई दिल्ली- 18 अगस्त। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार ने अभूतपूर्व तरीके से भारतीय नागरिकों के बोलने, सवाल पूछने और असहमति जताने के लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला किया है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर लागू की गई सेंसरशिप उतनी ही निंदनीय है जितनी युवाओं पर की गई लाठीचार्ज और पैलेट गन का इस्तेमाल।

मल्लिकार्जुन खरगे ने मंगलवार को एक अंग्रेजी अखबार के पोस्ट को एक्स पर साझा करते हुए कहा कि मार्च से जुलाई 2026 के बीच सरकार ने सोशल मीडिया कंपनियों को हर 68 सेकेंड में एक ब्लॉकिंग आदेश भेजा। इस दौरान कुल 1.95 लाख आदेश जारी किए गए। इनमें से 1 लाख आदेश इंस्टाग्राम पर, 80 हजार फेसबुक पर और 15 हजार यूट्यूब पर भेजे गए। इंस्टाग्राम छात्रों और युवाओं के विरोध प्रदर्शनों का प्रमुख मंच रहा।

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि यह कार्रवाई अपराधियों के खिलाफ नहीं बल्कि उन छात्रों और युवाओं के खिलाफ थी जो सड़कों पर अपने भविष्य और परीक्षाओं में धांधली के खिलाफ आवाज उठा रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि जब युवाओं की हड्डियां तोड़ी जा रही थीं, उसी समय उनकी आवाजें इंटरनेट से पोस्ट दर पोस्ट और रील दर रील मिटाई जा रही थीं।

खरगे ने कहा कि आज कोई भी पत्रकार, क्रिएटर या आम नागरिक अगर सरकार की आलोचना करता है तो उसे तुरंत पोस्ट हटाने, एफआईआर की धमकी और ऑनलाइन उत्पीड़न का सामना करना पड़ता है।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने सोशल मीडिया पर सामग्री हटाने का समय घटाकर 3 घंटे कर दिया है और सेंसरशिप को इतना ऑटोमेटेड कर दिया है कि किसी आदेश को लागू करने से पहले कोई मानव समीक्षा तक नहीं होती।

Join WhatsApp Channel Join Now
Subscribe and Follow on YouTube Subscribe
Follow on Facebook Follow
Follow on Instagram Follow
Follow on X-twitter Follow
Follow on Pinterest Follow
Download from Google Play Store Download

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!