
लखनऊ एयरपोर्ट पर विमान से उतरते ही यात्रियों की होगी कोरोना जांच
लखनऊ-09 दिसम्बर। राजधानी लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर यात्रियों के विमान से उतरते ही कोरोना जांच की जाएगी। नागर विमानन महानिदेशालय के निर्देश के बाद इसकी तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। अब तक कोविड जांच टर्मिनल में प्रवेश के बाद बाहर निकलने से पहले होती थी।
लखनऊ एयरपोर्ट के एक वरिष्ठ अधिकारी ने गुरुवार को बताया कि ओमीक्रॉन के खतरे को देखते हुए यात्रियों के विमान से उतरते ही कोविड जांच का निर्णय लिया गया है। अन्तरराष्ट्रीय टर्मिनल पर यात्री विमान से उतरने के बाद बस में बैठेंगे। यह बस उनको लेकर टर्मिनल के बाहर टैक्सी-वे की ओर बने टेंट के निकट उतारेगी। यहां बारी-बारी से यात्रियों की आरटीपीसीआर या रैपिड पीसीआर जांच की जाएगी।
उन्होंने बताया कि मौजूदा व्यवस्था में यात्री इमीग्रेशन, कस्टम जांच, सामान्य जांच से गुजरने के बाद कोविड टेस्ट कराते हैं। ऐसे में यदि यात्री संक्रमित है तो अन्य सभी एजेंसियों और टर्मिनल में मौजूद कर्मचारियों को संक्रमण फैलने का खतरा रहता है। इसी को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। अन्तरराष्ट्रीय टर्मिनल पर प्रतिदिन 09 से लेकर 13 उड़ानें आती हैं।
एयरपोर्ट पर लगीं 95 रैपिड पीसीआर मशीनें—
एयरपोर्ट प्रशासन के मुताबिक, लखनऊ हवाई अड्डे पर 95 रैपिड पीसीआर मशीनें लगाई जा चुकी है। पहले इनकी संख्या 30 थीं। एक मशीन 30 मिनट में दो यात्रियों की कोविड रिपोर्ट देती है। एयरपोर्ट पर यात्रियों की संख्या बढ़ने पर पंजीकरण काउंटर की संख्या और बढ़ाई जाएगी। फिलहाल यात्रियों को रैपिड पीसीआर, सामान्य पीसीआर जांच में किसी एक को चुनने का विकल्प दिया जा रहा है।



