
MADHUBANI:- श्रीसत्य साई बाबा का संदेश मानव सेवा और सर्वधर्म समभाव
मधुबनी- 05 मार्च। रंगों का त्योहार होली पर श्रीसत्य साई सेवा संगठन द्वारा शहर के सदर अस्पताल चौक स्थित समरनाथ झा व भारती झा के आवासीय परिसर आध्यात्मिक परिचर्चा और भजन-कीर्तन आयोजित किए गए। परिचर्चा को संबोधित करते हुए संगठन के पूर्व जिला अध्यक्ष समरनाथ झा ने कहा कि रंगों की तरह मानव जीवन में सुख-दुख का दौर लगा रहता है।ऐसी स्थिति में सत्य, धर्म, आचरण, सेवा और शांति की मार्ग से भटकना नहीं चाहिए। उन्होंने कहा कि श्रीसत्य साईं बाबा के विश्व समुदाय को मानव सेवा और नारी सम्मान के संदेश से समाज में एक नई जागृति आई है। संगठन द्वारा देश-दुनिया के पीड़ित लोगों की सेवा के लिए अनेक कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं।
भारती झा ने कहा कि श्रीसत्य साई बाबा का जीवन ही मानव समुदाय के लिए सुखद संदेश है। बाबा ने मानव सेवा को माधव सेवा बताते हुए सर्वधर्म समभाव की सीख दी है। मानव सेवा के मार्गपर चलकर अपना जन्म सार्थक करना चाहिए। संगठन के जिलाध्यक्ष प्रशांत कुमार ने कहा कि आध्यात्मिक जागृति के बगैर मानव का कल्याण संभव नहीं है। सनातन धर्म को आचरण में उतारने से ही इसका समुचित लाभ मिलेगा। अधिवक्ता अजय यश ने कहा कि मानव सेवा व भजन-कीर्तन भक्तों को आत्मबल प्रदान करता है। मानसिक व आत्मिक शांति मिलती है। बच्चों में स्कूली शिक्षा के साथ-साथ धार्मिक संस्कार को बढ़ावा दिया जा रहा है।राजकुमार प्रसाद ने कहा कि भजन-कीर्तन से बीमारियों पर काबू पाया जा सकता है। चिंता से छुटकारा मिलता है। ओम प्रकाश सिंह ने कहा कि हृदय से निकली भजन ईश्वर तक पहुंच जाती है।
भजन से भगवान का वरदान प्राप्त किया जा सकता है। भक्तों का सर्वांगीण कल्याण होता है। बच्चों के लिए बाल विकास कार्यक्रम चलाए जा रहे है। जरुरतमंदों के बीच भोजन, वस्त्र व अन्य आवश्यक वस्तुओं का वितरण किया जाता है। रोगियों का नि:शुल्क उपचार किए जाते हैं। कार्यक्रम में शीला सिंह, सुबोध मंडल, बेचन साह, सरिता देवी सहित बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया।



