
बिहार नगरपालिका संशोधन अध्यादेश लागू, अब भवन नक्शा और लाइसेंस होगा ऑनलाइन: मंत्री नीतीश मिश्रा
पटना- 04 नवंबर। बिहार में नगरीय प्रशासन को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और सुव्यवस्थित बनाने के क्रम में बिहार नगरपालिका (संशोधन) अध्यादेश, 2026 के माध्यम से बिहार नगरपालिका अधिनियम, 2007 में व्यापक संशोधन किए गए हैं। उक्त जानकारी मंत्री नीतीश मिश्रा ने दी है।
उन्होंने बताया कि इस संदर्भ में गजट प्रकाशन दिनांक 29 अक्टूबर 2026 को किया गया, जिसे दिनांक 27 अक्टूबर 2026 को राज्यपाल महोदय द्वारा प्रख्यापित किया गया।
इसका उद्देश्य नगर निकायों के प्रशासनिक एवं कार्यकारी ढांचे को सुदृढ़ करने के साथ-साथ नागरिक सुविधाओं, नियमन और विकास कार्यों को अधिक प्रभावी बनाना है।
इस अध्यादेश के अंतर्गत मुख्य पार्षद एवं सशक्त स्थायी समिति की भूमिका को स्पष्ट किया गया है तथा मुख्य नगरपालिका पदाधिकारी की प्रशासनिक जिम्मेदारियों और अधिकारों को परिभाषित किया गया है। नगर निकायों के कार्यों की निगरानी एवं जांच की व्यवस्था को भी अधिक प्रभावी बनाया गया है।
साथ ही विज्ञापन से संबंधित कर व्यवस्था को विधिसम्मत शुल्क व्यवस्था में परिवर्तित करते हुए सुरक्षा मानकों के अनुपालन, सार्वजनिक स्थलों के बेहतर प्रबंधन और नियमों के उल्लंघन पर प्रभावी कार्रवाई के प्रावधान किए गए हैं।
इस अध्यादेश के माध्यम से भवन निर्माण की स्वीकृति प्रक्रिया को ऑनलाइन एवं सरल बनाने, आर्किटेक्ट के डिजिटल पंजीकरण, भवन उपविधियों के आधुनिकीकरण तथा व्यावसायिक गतिविधियों के लिए लाइसेंस प्रक्रिया को सुगम बनाने जैसे महत्वपूर्ण सुधार भी किए गए हैं।
मंत्री नीतीश मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी जी के नेतृत्व में बिहार सरकार नगर निकायों में ईज़ ऑफ लिविंग को बेहतर बनाने हेतु कृतसंकल्पित है।


