
भारत का शासन मॉडल केवल कल्याण तक सीमित नहीं, नागरिकों को सशक्त बनाने का माध्यम: PM मोदी
नई दिल्ली, 14 अक्टूबर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि भारत का शासन मॉडल केवल कल्याणकारी सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि नागरिकों को सशक्त बनाकर विकास प्रक्रिया में भागीदार बनाने का माध्यम बन रहा है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने बुधवार को सोशल मीडिया प्लेटफार्म X पर केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया के आलेख को साझा करते हुए यह बात कही।
PMO ने कहा कि योजनाओं की अंतिम छोर तक पहुंच और जनभागीदारी शासन व्यवस्था में वास्तविक बदलाव ला रही है। यह दृष्टिकोण वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के लक्ष्य का महत्वपूर्ण आधार है।
सिंधिया ने लिखा था लेख – ‘वेलफेयर से एम्पावरमेंट की ओर’
दरअसल, ज्योतिरादित्य सिंधिया ने एक अंग्रेजी समाचार पत्र में ‘Moving Governance from Welfare to Empowerment’ शीर्षक से आलेख लिखा है। इसमें उन्होंने कहा कि मोदी सरकार में शासन व्यवस्था में गरिमा, अवसर और जनभागीदारी को केंद्र में रखा गया है।
आलेख में महात्मा गांधी के सबसे गरीब व्यक्ति को आवाज देने के विचार और पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय दर्शन का उल्लेख किया गया है।
आंकड़ों के साथ गिनाईं उपलब्धियां
सिंधिया ने अपने आलेख में कई आंकड़े पेश किए –
DBT के जरिए 50 लाख करोड़: प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) और जनधन-मोबाइल तकनीक के माध्यम से करीब 50 लाख करोड़ रुपये सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजे गए हैं।
अर्थव्यवस्था तीन गुना: वर्ष 2013-14 की तुलना में देश की अर्थव्यवस्था लगभग तीन गुना बढ़कर 331 लाख करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गई है।
स्टार्टअप इंडिया: देश में 2.23 लाख से अधिक स्टार्टअप्स ने 23 लाख से ज्यादा रोजगार सृजित किए हैं।
उज्ज्वला योजना: 10.5 करोड़ से अधिक रसोई गैस कनेक्शन।
स्वच्छ भारत मिशन: करीब 12 करोड़ घरेलू शौचालयों का निर्माण।
आयुष्मान भारत: 12 करोड़ लोगों का इलाज।
मुद्रा योजना: 59 करोड़ से अधिक बिना गारंटी वाले ऋण स्वीकृत।
लखपति दीदी: स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी तीन करोड़ से अधिक ग्रामीण महिलाएं ‘लखपति दीदी’ बनी हैं।
सिंधिया ने इन सभी पहलों को नागरिकों को आत्मनिर्भर बनाने और उन्हें स्वच्छता, रसोई गैस कनेक्शन, स्वास्थ्य सुरक्षा और आसान ऋण सुविधा जैसी योजनाओं के माध्यम से नए अवसर पैदा करने के रूप में प्रस्तुत किया है।



