
आयुष्मान योजना में 15,407 संदिग्ध दावों की जांच के लिए SIT गठित
मुंबई- 05 अगस्त। महाराष्ट्र सरकार ने आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना और महात्मा ज्योतिराव फुले जन आरोग्य योजना के तहत 2024 से 2026 की अवधि के दौरान पाए गए 15,407 संदिग्ध दावों की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित करने का निर्णय लिया है। यह एसआईटी संभावित संलिप्तता की गहन जांच करेगी और भविष्य़ में इस तरह के मामले न हों इसके लिए सरकार को रिपोर्ट सौंपेगी।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में हाल में हुई समीक्षा बैठक में यह फैसला लिया गया। नासिक विभागीय आयुक्त डॉ. प्रवीण गेडाम की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया है। इसमें सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग, सूचना प्रौद्योगिकी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता विभाग,साइबर पुलिस और आर्थिक अपराध शाखा के अधिकारी शामिल हैं। यह टीम अस्पतालों में अनियमितताओं, फर्जी या चिकित्सकीय रूप से अनावश्यक दावों,उपचार प्रक्रियाओं के उन्नयन,बीमा अपनाने,नवीनीकरण में त्रुटियों, एक ही मोबाइल नंबर या पहचान पत्र से जुड़े कई दावों और तीसरे पक्ष की संस्थाओं की संभावित संलिप्तता की गहन जांच करेगी।
एसआईटी को भविष्य में इस तरह की अनियमितताओं को रोकने के लिए आवश्यक सुधारों का सुझाव देने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सरकार के निर्देशानुसार,एसआईटी को 30 दिनों के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी। जांच के लिए आवश्यक मानवबल और तकनीकी सहायता राज्य स्वास्थ्य गारंटी सोसायटी द्वारा उपलब्ध कराई जाएगी।



