
MADHUBANI:- अफवाह फैलाकर समाहरणालय में भीड़ जुटाने वालों पर होगी कठोर कार्रवाई, DM-SSP ने VC से दिये सख्त निर्देश
मधुबनी- 19 सितंबर। समाज में भ्रांति एवं अफवाह फैलाकर आम लोगों, विशेषकर महिलाओं को अनावश्यक रूप से समाहरणालय में एकत्रित कर जनजीवन प्रभावित करने और सरकारी कार्यों में व्यवधान उत्पन्न करने के मामले को जिला प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। जिलाधिकारी आनंद शर्मा एवं वरीय पुलिस अधीक्षक योगेंद्र सिंह ने जिला से लेकर पंचायत स्तर तक के अधिकारियों-कर्मियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
राजस्व मामलों के निष्पादन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं—
जिलाधिकारी ने कहा कि आम जनता की भूमि एवं राजस्व संबंधी समस्याओं का समयबद्ध, पारदर्शी एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के कार्यों को मिशन मोड में लेकर पात्र लोगों की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जाए।
उन्होंने सभी अंचल अधिकारियों को दाखिल-खारिज, परिमार्जन, भूमि मापी, वासगीत पर्चा, सरकारी भूमि सत्यापन सहित अन्य राजस्व मामलों का जिम्मेदारीपूर्वक निष्पादन करने का निर्देश दिया। लंबित मामलों की नियमित समीक्षा कर पात्र मामलों का शीघ्र निष्पादन करने को कहा गया। अपर समाहर्ता (राजस्व) को अनुमंडलवार सतत मॉनिटरिंग तथा सभी DCLR को अपने क्षेत्र के अंचलों का नियमित भ्रमण कर समीक्षा करने का निर्देश दिया गया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि राजस्व कार्यों में किसी भी स्तर पर कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
महादलित टोलों में शिविर लगाकर मिलेगा योजनाओं का लाभ—
जिलाधिकारी ने संत रविदास की 650वीं जयंती के अवसर पर जिले के महादलित टोलों एवं SC बाहुल्य बस्तियों में विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया। विकास शिविरों के माध्यम से प्राप्त आवेदनों का शत-प्रतिशत निष्पादन सुनिश्चित करने और सभी विकास मित्रों को पात्र लाभुकों की पहचान कर योजनाओं से जोड़ने को कहा गया। जिला कल्याण पदाधिकारी को इसकी प्रभावी मॉनिटरिंग का जिम्मा दिया गया।
अफवाह फैलाने वालों पर होगी कार्रवाई—
जिलाधिकारी ने कहा कि वासगीत पर्चा के लिए संबंधित अंचल कार्यालय में ही आवेदन जमा करना है। जांच और पात्रता सत्यापन के बाद अंचल स्तर से ही पर्चा दिया जाता है, इसके लिए समाहरणालय आने की जरूरत नहीं है। इसके बावजूद यदि कोई व्यक्ति गलत या भ्रामक सूचना फैलाकर समाज में भ्रम पैदा करता है, अनावश्यक भीड़ जुटाता है या विधि-व्यवस्था प्रभावित करने का प्रयास करता है, तो उसे चिन्हित कर कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रशासन जनता की समस्याओं के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है, लेकिन अफवाह और अव्यवस्था फैलाने की अनुमति किसी को नहीं दी जाएगी।



