
बार काउंसिल ऑफ इंडिया ने किया क्लैट की परीक्षा क्षेत्रीय भाषाओं में कराने का समर्थन
नई दिल्ली- 09 अगस्त। बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) ने कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट (क्लैट) की परीक्षा क्षेत्रीय भाषाओं में कराने का समर्थन किया है। बीसीआई ने इस बात का हलफनामा दिल्ली हाई कोर्ट में एक याचिका के जवाब में दिया है।
दरअसल, दिल्ली हाई कोर्ट दिल्ली यूनिवर्सिटी के एक लॉ स्टूडेंट सुधांशु पाठक की दायर याचिका पर सुनवाई कर रहा है, जिसमें क्लैट 2024 की होने वाली प्रवेश परीक्षा अंग्रेजी के अलावा संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल क्षेत्रीय भाषाओं में भी कराने की मांग की गई है। बीसीआई ने इस याचिका का समर्थन करते हुए हाई कोर्ट में हलफनामा दाखिल किया है।
बीसीआई ने कहा है कि 5 फरवरी को आयोजित ऑल इंडिया बार एग्जामिनेशन (एआईबीई) की परीक्षा 23 भाषाओं में आयोजित की गई थी, जिसमें अंग्रेजी और दूसरी क्षेत्रीय भाषाओं को शामिल किया गया था। बता दें कि क्लैट 2024 को आयोजित करनेवाली नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी के कंसोर्टियम ने हाई कोर्ट में हलफनामा दाखिल कर कहा था कि दिसंबर में आयोजित होने वाली क्लैट 2024 की परीक्षा क्षेत्रीय भाषाओं में कराना संभव नहीं है। हालांकि, कंसोर्टियम ने कहा है कि वो दूसरी भाषाओं में भी परीक्षा आयोजित करने के मामले में आने वाले महीने में विचार विमर्श करेगा।



