
MADHUBANI:- मूल एवं फर्जी परीक्षार्थी सहित 4 वीक्षक व 1 कर्मी पर प्राथमिकी दर्ज, भाई की जगह परीक्षा देने का मामला
मधुबनी/बिहार-23 फरवरी। आरके कॉलेज में मैट्रिक परीक्षा केंद्र पर 21 फरवरी को पहली पाली में आयोजित मातृभाषा परीक्षा में परीक्षार्थी अर्जुन कुमार यादव के बदले उसका भाई रमन कुमार यादव परीक्षा में शामिल हुआ था। इस मामले में नगर थाने में आरके कॉलेज परीक्षा केंद्र के केन्द्राधीक्षक फैयाज अहमद ने प्राथमिकी दर्ज करायी है। जिसमें मूल एवं फर्जी परीक्षार्थी,परीक्षा केंद्र के चार वीक्षक एवं एक कार्यालय सहायक पर प्राथमिकी दर्ज की गई है। परीक्षा केंद्र से मंगलवार को कार्यालय सहायक मो.अहसान की गिरफ्तारी भी हुई है।
घटना के संबंध में आरके कॉलेज के केन्द्राधीक्षक फैयाज अहमद ने नगर थाना को दिए प्राथमिकी आवेदन में कहा है कि आर के कॉलेज परीक्षा केंद्र पर 21 फरवरी को पहली पारी में आयोजित मातृभाषा परीक्षा में मूल परीक्षार्थी अर्जुन कुमार यादव के बदले उसका भाई रमन कुमार यादव परीक्षा में शामिल हुआ। जिसे परीक्षा केंद्र के उक्त हॉल में प्रतिनियुक्त वीक्षक के द्वारा फर्जी परीक्षार्थी रमन कुमार यादव को वीक्षक अमर कुमार अमर ने पकड़कर कार्यालय सहायक मोहम्मद अहसन को सौंपकर वीक्षण कार्य करने लगे। बाद में फर्जी परीक्षार्थी पर बगैर किसी कार्रवाई के उसे छोड़ दिया गया। इस बात की जानकारी सदर एसडीओ अश्विनी कुमार को पता चला तो उन्होंने 22 फरवरी को जिला कंट्रोल रूम से आर के कॉलेज के केन्द्राधीक्षक फैयाज अहमद को घटना की जांच कर प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश दिया।

22 फरवरी को परीक्षा देने आए मूल परीक्षार्थी अर्जुन कुमार यादव से जब इस संबंध में पूछताछ की गई,तो उसने स्वीकार किया कि मां की तबीयत खराब होने की वजह से 21 फरवरी को पहली पाली में आयोजित अंग्रेजी की परीक्षा में उसके जगह उसके भाई रमन कुमार यादव ने परीक्षा दिया। इस बात की पुष्टि परीक्षा केंद्र पर लगे सीसीटीवी की जांच में भी हुआ। मामले की गंभीरता को लेकर आरके कॉलेज के केन्द्राध्यक्ष ने इस मामले में कार्यालय सहायक मोहम्मद अहसन से पूछताछ किया तो उन्होंने बताया कि अमर कुमार अमर फर्जी परीक्षार्थी को उनके पास सुपुर्द कर दिया था परीक्षार्थी को फर्जी पाए जाने के बावजूद कार्यालय सहायक मोहम्मद अहसन के द्वारा जानबूझकर फर्जी परीक्षार्थी को छोड़ दिया गया।

केन्द्राधीक्षक मोहम्मद फैयाज ने इस मामले में वीक्षक अमरनाथ आनंद,प्रणव शंकर, विष्णु देव प्रसाद,टुनटुन साफी एवं कार्यालय सहायक मो. अहसन के द्वारा उक्त घटना की जानकारी केंद्र अधीक्षक को नहीं देने की बात कहते हुए प्राथमिकी दर्ज कराई है. इस मामले को लेकर मंगलवार को कार्यालय सहायक मोहम्मद अहसन को गिरफ्तार किया गया। बुधवार को उन्हें न्यायिक हिरासत में भेजा गया इधर प्राथमिकी में नामजद विक्षत अमरनाथ अमर, प्रणव शंकर,टुनटुन साफी एवं विष्णु देव प्रसाद ने केंद्र अधीक्षक को आवेदन देकर कहा है कि वे सभी फर्जी परीक्षार्थी को पकड़कर कार्यालय सहायक को सौंप दिए। तथा उसके बाद वीक्षण कार्य में लग गए इस घटना में उनकी कोई संलिप्तता नहीं है। अब पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दिया है।



