
बिहार के 38 शिक्षकों को मिलेगा राजकीय पुरस्कार, मधुबनी की उषा कुमारी सहित 17 शिक्षिकाएं शामिल
पटना- 03 सितंबर। बिहार में स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए 38 शिक्षकों को राजकीय शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। शिक्षा विभाग ने चयनित शिक्षकों की सूची घोषित कर दी है। यह पुरस्कार राष्ट्रीय शिक्षक दिवस के अवसर पर 5 सितंबर को श्रीकृष्ण मेमोरियल हॉल, पटना में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के हाथों प्रदान किया जाएगा।
शिक्षा विभाग के मुताबिक इस बार की सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि राज्य के सभी 38 जिलों से एक-एक शिक्षक का चयन किया गया है। चयनित 38 शिक्षकों में 17 महिला शिक्षक हैं।
चयनित शिक्षकों की सूची में कटिहार – विप्लव कुमार (विशिष्ट शिक्षक), भोजपुर – प्रमिला कुमारी (प्रधानाध्यापिका), औरंगाबाद – राजकुमार प्रसाद गुप्ता, पटना (पालीगंज) – अपराजिता कुमारी (प्रधान शिक्षिका), बांका – उमाकांत कुमार, गोपालगंज – पुनीता कुमारी, सारण – चंचला तिवारी (प्रधानाध्यापिका), खगड़िया – मधु कुमारी, भागलपुर -निवेदिता कुमारी (विशिष्ट शिक्षिका), पूर्वी चंपारण – मो. नुरूल होदा, पूर्णिया – अजय कुमार पंडित, अररिया – बेबी अर्चना (विशिष्ट शिक्षिका), सीतामढ़ी – शमा परवीन (प्रधान शिक्षिका), गया – गुड्डी कुमारी, सहरसा – पुनीता कुमारी, मुजफ्फरपुर – केशव कुमार, सिवान – वीनस दीक्षित (विशिष्ट शिक्षिका), पश्चिम चंपारण – दुर्योधन बैठा, बक्सर – मो. इमाम अली अंसारी, रोहतास – कमलेश कुमार, दरभंगा – कुमार प्रशांत, नवादा – निकिता भारती, नालंदा – सौरभ कुमार (विशिष्ट शिक्षक), अरवल – पंकज रंजन (विशिष्ट शिक्षक), किशनगंज – शहजाद अनवर, कैमूर – सुमित कुमार जमुई – किसलय प्रसाद, मुंगेर – आशा वर्मा, मधुबनी – उषा कुमारी, मधेपुरा – डॉ. नीलू रानी (प्रधानाध्यापिका), लखीसराय – राज कुमार (प्रधान शिक्षक), जहानाबाद – पवन कुमार, वैशाली – साक्षी सरला (प्रधान शिक्षिका), सुपौल – नरेश कुमार निराला (विशिष्ट शिक्षक), शिवहर – रामनरेश राम (प्रधान शिक्षक), बेगूसराय – प्रभा कुमारी, समस्तीपुर – राकेश कुमार (विशिष्ट शिक्षक) शामिल है।
कन्या प्राथमिक विद्यालय कोठिया की प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी को राज्य शिक्षक पुरस्कार—
मधुबनी जिले के झंझारपुर प्रखंड का नाम भी रोशन हुआ है। झंझारपुर प्रखंड के कन्या प्राथमिक विद्यालय कोठिया की प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी का चयन इस प्रतिष्ठित पुरस्कार के लिए हुआ है। प्रधान शिक्षिका उषा कुमारी ने बताया कि उनका चयन नवाचारी शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट और विशिष्ट प्रदर्शन के आधार पर किया गया है। उन्होंने पारंपरिक ढर्रे से हटकर विद्यालय के शैक्षणिक माहौल को नई दिशा दी है। स्कूल में महज किताबों तक सीमित पठन-पाठन के बजाय वे बच्चों को रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ती हैं। खेल-खेल में पढ़ाई, टीएलएम (शिक्षण अधिगम सामग्री) का प्रभावी उपयोग और प्रयोगात्मक तरीकों से वे कठिन विषयों को भी सरल बना देती हैं।उषा कुमारी का मुख्य फोकस बच्चों की नियमित उपस्थिति और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर रहता है। वे अभिभावकों को भी शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने का निरंतर प्रयास करती हैं।



