
नेपाल में आई बाढ़ से नुवाकोट जिले में पेयजल की 32 योजनाएं तबाह, 58.60 करोड़ रुपये का नुकसान
काठमांडू- 26 अक्टूबर। त्रिशूली नदी में आई विनाशकारी बाढ़ ने नेपाल के नुवाकोट जिले के विभिन्न क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति की संरचनाओं को तबाह कर दिया है। पेयजल योजनाओं के ध्वस्त होने से आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
दो महीने पहले यानी २६ अगस्त को सुबह 10 बजे त्रिशूली नदी में आई प्रलयंकारी बाढ़ से नुवाकोट की विदुर और बेलकोटगढ़ी नगरपालिकाओं के साथ किस्पाङ और तारकेश्वर ग्रामीण नगरपालिकाओं में भारी क्षति हुई थी।
नुवाकोट जिला प्रशासन के अनुसार, बाढ़ ने इन स्थानीय निकायों में संचालित पेयजल की 32 योजनाओं को पूरी तरह तबाह कर दिया। इन पेयजल योजनाओं के नष्ट होने से लाखों लोग प्रभावित हुए हैं। प्रशासनिक अधिकारी रुपेश प्रसाद नेपाल ने बताया कि बाढ़ से पेयजल योजनाओं को हुए नुकसान का प्रारंभिक अनुमान 58 करोड़ 60 लाख रुपये है। प्रशासन के अनुसार कुछ योजनाओं की मरम्मत की जा रही है, जबकि कुछ का पुनर्निर्माण करना आवश्यक है। कुछ योजनाओं के माध्यम से अस्थायी रूप से पेयजल आपूर्ति शुरू की गई है। बागमती प्रदेश सरकार के अंतर्गत पेयजल एवं स्वच्छता डिवीजन कार्यालय, नुवाकोट के माध्यम से 12 हजार मीटर पेयजल पाइप उपलब्ध कराए गए हैं।
विदुर पेयजल एवं स्वच्छता उपभोक्ता संस्था के माध्यम से विदुर नगरपालिका क्षेत्र में संचालित पेयजल योजनाओं की मरम्मत और पुनर्बहाली के लिए पेयजल एवं ढल प्रबंधन विभाग से 100 केवीए क्षमता का जनरेटर, स्पेपलाइजर और 32 हजार मीटर पाइप प्राप्त हुए हैं। इनके सहयोग से अस्थायी रूप से मरम्मत का काम किया गया है। प्रशासन के अनुसार, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और कनेक्टिविटी को प्राथमिकता देकर काम किया जा रहा है।
नुवाकोट के मुख्य जिला अधिकारी शम्भु प्रसाद रेग्मी ने बताया कि बाढ़ के कारण जिले में 2,723 लोग लापता हुए हैं। उनके अनुसार, 3,630 लोगों को सुरक्षित बचाया गया है। उनके मुताबिक गृह मंत्रालय, राष्ट्रीय विपद् जोखिम न्यूनीकरण तथा प्रबंधन प्राधिकरण, जिला प्रशासन, सुरक्षा निकायों और स्थानीय निकायों के प्रतिनिधियों की संयुक्त व्यवस्था के तहत एकद्वार प्रणाली से राहत वितरण किया जा रहा है।
जिला समन्वय समिति और विदुर नगरपालिका कार्यालय में राहत सामग्री एकत्र करने तथा वितरण का काम जारी है। प्रशासन के अनुसार अब तक विभिन्न 536 संघ-संस्थाओं के माध्यम से राहत सामग्री एकत्र की गई है। 2,697 स्थानों पर विभिन्न प्रकार की राहत सामग्री वितरित की जा चुकी है।



