
MADHUBANI:- शहर में वेंडिंग जोन का वादा निकला हवा-हवाई, फुटपाथी विक्रेताओं के लिए आज तक नहीं बसा एक भी बाजार
मधुबनी- 06 अक्टूबर। नगर निगम प्रशासन का वेंडिंग जोन का वादा पूरी तरह हवा-हवाई साबित हो रहा है। वर्षों के आश्वासन के बाद भी शहर में आज तक एक भी व्यवस्थित वेंडिंग जोन धरातल पर नहीं उतर पाया है। कागजों में वेंडर जोन चिन्हित हैं, बैठकों में दावे बड़े-बड़े हैं, लेकिन जमीन पर फुटपाथी विक्रेता आज भी सड़क पर दुकान लगाने को मजबूर हैं।
फुटपाथी विक्रेताओं के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था ही नहीं—
सवाल खड़ा हो रहा है कि जब नगर निगम प्रशासन ने सड़क किनारे दुकान चलाने वाले गरीब फुटपाथी विक्रेताओं के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था ही नहीं की, तो अतिक्रमण हटाओ अभियान कैसे सफल होगा?
वादा फाइलों में ही सिमटा—
जानकारी के अनुसार पूर्व में नगर निगम प्रशासन द्वारा शहर के गिलेशन बाजार, शंकर चौक और स्टेशन चौक सहित अन्य स्थानों पर वेंडर जोन बनाने का कई बार आश्वासन दिया गया था। बोर्ड की बैठक से लेकर नगर आयुक्त और नगर प्रबंधक स्तर की बैठकों में वेंडिंग जोन चिन्हित कर फुटपाथी दुकानदारों को स्थायी जगह देने की बात कही गई थी। सर्वे का हवाला देकर सूची भी तैयार करने की बात कही गई थी। लेकिन आज तक न गिलेशन बाजार में बाजार बसा, न शंकर चौक और स्टेशन चौक में कोई व्यवस्था हुई। न शेड लगा, न पानी-बिजली और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधा दी गई।
बिना विकल्प के अभियान बना मजाक—
नगर निगम की टीम थाना चौक से कोतवाली चौक तक अतिक्रमण हटाने निकली, लेकिन बिना वेंडिंग जोन के यह अभियान मजाक बनकर रह गया। टीम ट्रैक्टर-जेसीबी लेकर आती है, ठेला वाले गली में घुस जाते हैं और 10 मिनट बाद फिर सड़क पर दुकान सज जाती है।
जाम से शहर बेहाल, दुकानदार भी परेशान—
फुटपाथ पर दुकान रहने से कोतवाली चौक से थाना मोड़ तक हर दिन जाम लगता है। त्योहार की भीड़ में एम्बुलेंस और स्कूली बच्चों की गाड़ी तक फंस रही है। दुकानदारों का कहना है कि हम कहां जाएं? निगम जगह दे तो वहां चले जाएंगे। रोज-रोज भागमभाग से हम भी परेशान हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक निगम प्रशासन गिलेशन बाजार सहित चिन्हित जगहों पर वादा किया गया वेंडर जोन विकसित नहीं करता, तब तक अतिक्रमण हटाओ अभियान सिर्फ कागजी कार्रवाई और इवनिंग वॉकिंग बनकर रह जाएगा।



