
दिवस विशेष: कपिलेश्वर में साइकिल यात्रा निकाल कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
मधुबनी- 03 जून। विश्व साइकिल दिवस पर रहिका प्रखंड के कपिलेश्वर स्थान परिसर से साइकिल यात्रा निकाली गई। यज्ञ ज्योति चैरिटेबल ट्रस्ट के तत्वावधान में निकाली गई साइकिल यात्रा करीब दो किलोमीटर दूरी की दूरी तय कर लोगों को साइकिल की सवारी के लिए जागरूक किया। साइकिल यात्रा समापन के मौके पर के ट्रस्ट के शरत चंद्र मिश्र ने कहा कि विश्व साइकिल दिवस पर हमे साइकिल की सवारी को बढ़ावा देने के लिए आगे आना होगा। इससे पर्यावरण संरक्षण को बल मिलेगा। पेट्रोलियम पदार्थों की बचत होगी। साइकिल की सवारी के प्रति बच्चों, युवाओं का रुझान बढ़ा है। बुजुर्गों में भी नियमित रुप से साइकिल की सवारी उनके सेहत के लिए लाभदायक हो रहा है। यज्ञ ज्योति चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा समय-समय पर साइकिल प्रतियोगिता का आयोजन किया जाता रहा है। उन्होंने कहा कि जिले के कलुआही प्रखंड के मलमल उत्तर पंचायत के राढ गांव के 79 वर्षीय शिव नारायण यादव साल 2001 से प्रतिदिन करीब 50 किमी साइकिल की सवारी करते है।
प्रभात रंजन ने कहा कि लॉकडाउन में रेल-सड़क सेवा ठप रहने से लोगों ने साइकिल का सहारा लिया था। आज भी गांव के लोग प्रतिदिन 10 से 15 किमी की दूरी साइकिल से ही आवाजाही करते है। जिले के 40 हजार से अधिक छात्र-छात्राएं साइकिल की सवारी करते है। आचार्य संतोष झा ने कहा कि परिवहन के सरल, किफायती व पर्यावरण संरक्षण को प्रोत्साहित करने के लिए विश्व साइकिल दिवस का उद्देश्य दैनिक जीवन में साइकिल के उपयोग को लोकप्रिय बनाना है। साइकिल की सवारी स्वच्छ व सस्ता होने के साथ शारीरिक फिटनेस के लिए बेहतर माना गया है। इससे किसी भी किस्म का प्रदूषण नहीं होने से दुनिया भर में साइकल की सवारी काफी लोकप्रिय हो रहा है। लोगों को साइकिल सवारी को बढ़ावा देना चाहिए। दिगंबर मिश्र ने कहा कि बचपन से ही नियमित रूप से साइकिल की सवारी करते है। प्रतिदिन 20 से 30 किमी साइकिल की सवारी करते है। अपने गांव माड़र से मधुबनी, रहिका आने-जाने के लिए साइकिल की सवारी करते है। साइकिल यात्रा में संतोष कुमार झा, चमनजी मिश्रा, दिलीप झा, मोहन मंडल, शंकर कुमार, भोला प्रसाद सहित दो दर्जन से अधिक लोगों ने हिस्सा लिया। इधर, दंत चिकित्सक डा. उमेश श्रीवास्तव ने बताया कि एक स्वस्थ व्यक्ति को प्रतिदिन 30 से 45 मिनट या प्रति सप्ताह कम से कम 150 मिनट साइकिल चलानी चाहिए।
नियमित रूप से साइकिल चलाना शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के लिए बेहतर है। यह वजन घटाने, हृदय स्वास्थ्य सुधारने, मांसपेशियों को मजबूत करने और तनाव कम करने में मदद करता है। जोड़ों पर कम दबाव डालता है। स्ट्रोक, मधुमेह के जोखिम को कम करता है। कैलोरी बर्न होती है। वजन घटाने और मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाने में मदद मिलती है। हृदय, फेफड़ों और रक्त वाहिकाओं को स्वस्थ रखता है, जिससे दिल के दौरे और स्ट्रोक का खतरा कम होता है।



