
बेऊर जेल में छापेमारी में लापरवाही का मामला: निलंबित सहायक अधीक्षक शालिनी पर विभागीय कार्रवाई शुरू
पटना- 19 अक्टूबर। आदर्श केन्द्रीय कारा, बेऊर, पटना में 20 जून 2026 को हुई औचक छापेमारी के बाद निलंबित की गई सहायक अधीक्षक शालिनी के खिलाफ अब विभागीय कार्यवाही संस्थित कर दी गई है। गृह विभाग (कारा) ने इस संबंध में आदेश जारी किया है।
गृह विभाग के अवर सचिव शिव नारायण यादव द्वारा 14 अक्टूबर 2026 को जारी आदेश के अनुसार, 20.06.2026 को कारा निरीक्षणालय और जिला प्रशासन द्वारा बेऊर जेल के निरीक्षण में कतिपय अनियमितता और कुव्यवस्था पायी गई थी। इस आरोप में विभागीय आदेश से शालिनी को निलंबित कर उनका मुख्यालय मंडल कारा, शिवहर निर्धारित किया गया था।
निलंबन के दौरान भी अनुपस्थिति का आरोप—
आदेश में बताया गया है कि निलंबनावस्था में अपने संलग्न कार्यालय मंडल कारा शिवहर से अनधिकृत रूप से अनुपस्थित रहने और उपस्थिति पंजी में हाजिरी नहीं लगाने के आरोप में उनके खिलाफ पूरक आरोप पत्र भी गठित किया गया। दोनों आरोप पत्रों पर उनसे लिखित बचाव अभिकथन मांगा गया था।
शालिनी द्वारा 28 सितंबर 2026 को अपना लिखित बचाव अभिकथन समर्पित किया गया, जिसे विभाग ने समीक्षोपरान्त अस्वीकृत कर दिया।
जांच के लिए अधिकारी नियुक्त—
विभाग ने अब उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही संस्थित करते हुए दो अधिकारियों संचालन पदाधिकारी अधीक्षक, शहीद खुदीराम बोस केन्द्रीय कारा, मुजफ्फरपुर तथा प्रस्तुतीकरण पदाधिकारी सहायक अधीक्षक (स्थापना प्रभारी), आदर्श केन्द्रीय कारा, बेऊर, पटना को नियुक्त किया है।
संचालन पदाधिकारी को बिहार सरकारी सेवक (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियमावली, 2005 के तहत जांच कर ससमय प्रतिवेदन समर्पित करने का निर्देश दिया गया है। इस कार्रवाई पर महानिरीक्षक, कारा एवं सुधार सेवाएँ, बिहार का अनुमोदन प्राप्त है।



