
MADHUBANI:- अनाज ढुलाई संकट के कारण उपभोक्ता राशन से वंचित
मधुबनी- 22 मार्च। अनाज ढुलाई का संकट जिले में खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। लगातार हर माह अनाज ढुलाई में विभाग को पसीना छुट रहा है। फरवरी माह में अबतक निर्धारित 40 प्रतिशत अनाज का उठाव नहीं हो सका है। इसतरह अनाज समय पर नहीं पहुंचने के कारण इस माह भी हजारों लाभुकों के अनाज योजना से वंचित रहने की आशंका है। इस माह 283 वाहन की जगह केवल 71 वाहनों से ढुलाई की जा रही है। इसतरह इस माह भी फरवरी माह के आवंटन के अवशेष मात्रा लगभग 40 हजार क्विंटल अनाज रह गये हैं। मालूम हो कि चार मार्च को जयनगर डिपो भारतीय खाद्य निगम पर 25 हजार क्विंटल खाद्यान्न रेल रैक से पहुंचा। इसके उठाव के लिए राज्य खाद्य निगम ने आदेश निर्गत किया। लेकिन इसके उठाव में लापरवाही बरती गयी। विभागीय समीक्षा में पाया गया कि सुपर सेवा हेल्थकेयर प्रालि के श्रीदेव शंकर के द्वारा आवंटित खाद्यान्न का उठाव नहीं किया गया तथा उनके द्वारा एक भी ट्रक उपलब्ध नही कराया गया। इसीतरह बाबासोखा और सुजीत कुमार गुप्ता द्वारा भी कम मात्रा में विलंब से ट्रक उपलब्ध कराया गया। इसहालत में विभाग द्वारा महेश प्रसाद गुप्ता और मुकेश कुमार साह द्वारा सुपर सेवा हेल्थ केयर के सहयोग के लिए ट्रक उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
जनवरी माह में 405719 क्विंटल लक्ष्य के एवज में केवल 325872 क्विंटल अनाज का उठाव व ढुलाई हो सका। इसवजह से 79847 क्विंटल अनाज लैप्स कर गया। जिससे जिले के लगभग 60 हजार लाभुक अनाज से वंचित रह गये। विभागीय प्रावधान के द्वारा प्रतिदिन प्रति अभिकत्र्ता 21 ट्रक उपलब्ध कराने का आदेश है। परंतू औसतन दस दिन ही इतनी संख्या में ट्रक उपलब्ध कराया जाता है। यानि 20 कार्यदिवस को अनाज की ढुलाई निश्चित मात्रा से काफी कम होता है। इस कारण अनाज का उठाव और ढुलाई प्रभावित होता है। उठाव में उदसीनता को देखते हुए गोदाम से अनाज उठाव में बदलाव किया गया है। बाबासोखा से बिस्फी एवं खजौली गोदाम को ले लिया गया है। मुकेश कुमार साह को बिस्फी की जिम्मेवारी दी गयी है। इसतरह इनके पास बेनीपट्टी,घोघरडीहा एवं बासोपट्टी के अलावे इसकी भी जिम्मेवारी दी गयी है। वहीं महेश प्रसाद गुप्ता को पंडौल,हरलाखी,लदनियां एवं राजनगर के अलावे खजौली का भी दायित्व दिया गया है।
क्या कहते हैं अधिकारी—
जिला प्रबंधक शिव कुमार पंडित ने बताया कि अनाज उठाव एवं ढुलाई में लापरवाही को लेकर सख्त कार्रवाई की जा रही है। गोदाम की जिम्मेवारी में भी बदलाव किया गया है।



