
जहरीली शराब से मौत पर पूर्व सांसद पप्पू यादव ने सरकार पर जमकर निकाली भड़ास
सहरसा- 21 मार्च। बिहार मे विगत 6 वर्षो से शराबबंदी कानून लागू है, फिर भी आये दिन जहरीली शराब पीकर मरने वालो की संख्या बढती ही जा रही है। ऐसे में वर्तमान परिप्रेक्ष्य मे सरकार को एक कठोर कदम उठाये जाने की सख्त आवश्यकता है। वही 14 करोड़ जनता द्वारा चुने गए स्थानीय जनप्रतिनिधियों से रायशुमारी कर जहरीली शराब बनाने और बेचने वालो के विरुद्ध 302 का मुकदमा चलाया जाना चाहिए। उक्त बातें सोमवार को मधेपुरा लोकसभा के पूर्व सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने कोशी चौक स्थित समीर पाठक के आवास पर आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान कही।
उन्होंने कहा कि बिहार सरकार को बताया जाना चाहिए कि कौन समय,दिन, महीना,या साल तक शराब नहीं मिलेगी और ना ही किसी की मौत होगी। क्योंकि विगत 6 सालों से शराबबंदी कानून लागू है लेकिन इस दौरान घर-घर शराब मिल रहा है। ऐसे में सभी जनप्रतिनिधियों से वार्ता कर एक निश्चित तारीख के बाद शराब नहीं मिलेगी।इसका समय निर्धारण करना चाहिए।उन्होंने कहा कि बिहार में सिर्फ गरीबों को ही जेल में डाला जा रहा है। शराब पीना मरना और जेल जाना इन गरीबों की यही नियति बन गई है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों से वार्ता के बाद बहुमत को सहमत के आधार पर निर्णय करना चाहिए।
एमएलसी चुनाव संबंध में पार्टी के निर्णय के संबंध में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि जाप पार्टी कहीं भी अपना एमएलसी प्रत्याशी खड़ा नहीं किया गया है। ऐसे में पार्टी द्वारा कांग्रेस एमएलसी के पक्ष में सपोर्ट करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि इस संबंध में कांग्रेस पार्टी को अवगत करा दिया गया है। यहां पर बीआईपी, लोजपा, राजद,कम्युनिस्ट, बीजेपी सहित निर्दलीय सहित 14 प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं।ऐसे पप्पू यादव बहूत सोच समझकर निर्णय लेगी।उन्होने कहा मैं मठाधीश नही हूं जो मेरे कहने से अपना समर्थन मुझे देगे ऐसे मे मै केवल आग्रह कर सकता हूं कि पैसा लेकर मत नही दे।बल्कि मुझसे पैसा ले। क्योंकि यहां सभी माफिया लोग खड़े हैं। इसलिए माफिया प्रत्याशी पैसा नही ले। उन्होने कहा कि यदि चंद पैसे लेकर जनप्रतिनिधि मतदान करेंगे तो लज्जस्पद स्थिति मे आत्महत्या नही कर लेगे। इस अवसर पर जाप जिलाध्यक्ष रंजन यादव,समीर पाठक सहित बड़ी संख्या मे पार्टी कार्यकर्ता एवं समर्थक मौजूद थे।



