
कानपुर- 24 अक्टूबर। दक्षिणी पश्चिमी मानसून लौटने के बाद सक्रिय चक्रवात से उत्तर प्रदेश और उत्तराखण्ड में बीते दिनों झमाझम बारिश हुई। इसका असर सीधा सर्दी के रुप में देखने को मिल रहा है और गुलाबी सर्दी अहसास कराने लगी है। हालांकि अभी दिन में तापमान अधिक रहता है और रात में सर्दी पड़ने से तापमान सामान्य से नीचे जा रहा है। दो दिन बाद दिन में भी आसमान में बादल छाएंगे, जिससे गुलाबी सर्दी का प्रकोप बराबर बढ़ता ही जाएगा। लेकिन बारिश के आसार बहुत ही कम है। रात के समय हल्की हवा चलने के आसार हैं और तापमान में उतार चढ़ाव बना रहेगा। चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के मौसम वैज्ञानिक डा. एसएन सुनील पांडेय ने रविवार को बताया कि दक्षिणी पश्चिमी मानसून लौट चुका है। चक्रवात के सक्रिय होने से बीते दिनों बारिश हुई और उसका असर अब सीधे सर्दी के रुप में देखने को मिल रहा है। रात में तापमान सामान्य से नीचे जा रहा है और आगामी दो दिनों में आसमान में बादल छाये रहेंगे, जिससे सर्दी और बढ़ेगी। बताया कि पश्चिमी विक्षोभ पाकिस्तान और आसपास के क्षेत्रों में है। प्रेरित चक्रवाती हवा का क्षेत्र मध्य पाकिस्तान और इससे सटे पंजाब, जम्मू-कश्मीर के हिस्सों पर बना हुआ है। कोमोरिन क्षेत्र के ऊपर चक्रवाती हवा का क्षेत्र सक्रिय है। एक ट्रफ रेखा चक्रवाती क्षेत्र से कर्नाटक तट तक फैली हुई है। दक्षिण-पूर्वी अरब सागर के ऊपर एक चक्रवाती हवा का क्षेत्र बना हुआ है। हालांकि बारिश के आसार नहीं है। किसान खरीफ की तैयार फसलों की कटाई-मड़ाई कर सकते हैं। रबी की फसलों जैसे चना, मटर, मसूर, सरसों, असली, आलू और सब्जियों की बुआई के लिए मौसम मुफीद है।



