
मधुबनी/बिहार। मधुबनी जिले के झंझारपुर एवं भैरवस्थान थाना के पुलिस प्रशासन के खिलाफ दो परिवार नूरजहां खातून एवं नजबुल खातून (कालपनिक नाम) न्याय को लेकर पूरे परिवार के साथ पिछले तीन दिनों से समाहरणालय समक्ष आंबेडकर प्रतिमा स्थल के पास आमरण अनशन पर बैठी है। परंतू कोई प्रशासनिक अधिकारी अभी तक संज्ञान नही लिया है। अनशनकारियों की हालत खराब हो रही है। तथा प्रशासन के तरफ से कोई मेडिकल सुविधा तक उपलब्ध नही कराई गई है। अनषनकारियों का कहना है कि जबतक हमारी समस्या का समाधान नहीं किया जाएगा, तबतक अनशन पर बैठे रहेंगे। अनषनकारी नूरजहां खातून का कहना है कि उनके पति एक निजी गाड़ी के चालक हैं। तथा वह अपने काम पर निकल जाते हैं। पति के काम पर निकलने के बाद उनका आरोप है कि उनके ससुर उस्मान नट बदसलुकी करने की कोशिश करते हैं। जिसकी शिकायत को लेकर जब वह संबंधित थाना पहुंची, तो थानाध्यक्ष उनका आवेदन लेने से इंकार कर दिया। जबकि धरने पर बैठी नूरजहां का कहना है कि मेरे साथ घटित घटना पर तुरंत प्राथमिकी दर्ज किया जाए। झंझारपुर थानाध्यक्ष पर कानूनी कार्रवाई कर दोषी को तुरंत गिरफ्तार किया जाय। वहीं दूसरी तरफ नजबुल खातून (कालपनिक नाम) भी समाहरणालय के समक्ष अनशन पर बैठी हैं। उनका कहना है कि भैरवस्थान थाना में न्याय को लेकर गई। परंतू वहां के थानाध्यक्ष समस्या को नही सुना। तथा आवेदन लेने से भी इंकार दिया। अनषनकारी नजबुल ने बताया कि उनकी लड़की के साथ एक शादी-शुदा व्यक्ति ने दुष्कर्म कर उसे गर्भवती बना दिया। विरोध करने पर मारपीट करता है। नजबुल खातून (कालपनिक नाम) ने पुलिस अधीक्षक से मांग करते हुए कहा कि मेरी ओर से प्राथमिकी दर्ज कराया जाए। तथा झंझारपुर एवं भैरवस्थान थानाध्यक्ष पर कानूनी कार्रवाई किया जाए साथ ही दोषी को अविलंब गिरफ्तार किया जाए।



