
बिहार में मतों के बाद हरकत में में आया प्रशासन, शराबबंदी को लेकर मधुबनी डीएम सख्त,अधिकारियों से कहा,चुलाई शराब के भट्ठे को ध्वस्त करें
मधुबनी-07 नवंबर। जिलाधिकारी अमित कुमार की अध्यक्षता में मद्यनिषेध को लेकर जिले के वरीय अधिकारियों की एक जरूरी समीक्षात्मक बैठक गुगल मीट के माध्यम से हुई। जिसमें पिछले दिनों बिहार के कुछ जिलों में बहुत लोगों की जहरीली शराब पीने से दुखद मौत हुई थी। जिसको लेकर जिले में विभिन्न स्तरों पर कड़े कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं। जिलाधिकारी ने बताया कि यद्यपि मधुबनी जिले में इस तरह की घटना की अभी तक कोई सूचना नहीं है। फिर भी घटना की गंभीरता को देखते हुए,चोकस रहने की जरूरत है। तथा इसी कड़ी में सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जहरीली शराब से हुई मौतों पर बिहार सरकार गंभीर है। इस परिप्रेक्ष्य में 05 नवंबर 2021 को पुलिस महानिदेशक बिहार एवं अपर मुख्य सचिव गृह विभाग पटना के द्वारा बिहार के सभी जिलों में सतर्कता बरतने एवं निगरानी करने के आदेश दिए गए हैं। बैठक में जिलाधिकारी द्वारा निर्देश दिए गए हैं कि सभी अनुमंडल पदाधिकारी अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, थानाध्यक्ष अपने अपने क्षेत्र में तत्काल प्रभाव से अवैध चुलाई शराब के भट्ठे को अभियान चलाकर ध्वस्त करने की कार्यवाई करेंगे। तथा उनमें संलिप्त दोषी व्यक्तियों के विरुद्ध सतत कानूनी कार्रवाई करेंगे। समीक्षा बैठक में उपस्थित सहायक औषधि नियंत्रक मधुबनी को निदेश दिया गया है कि जिले में सभी थोक एवं खुदरा दवा विक्रेता (होमियोपैथ सहित) की दुकानों की सघन जांच,छापामारी की जाए। जिससे ऐसी किसी भी दवा की बिक्री पर आवश्यक रोकथाम की जाए। जिसका इस्तेमाल नशे के लिए किया जा सकता है। जिला पदाधिकारी ने नशे से मौत होने पर गहरी चिंता व्यक्त की। तथा निर्देश दिया कि मद्यनिषेध मामले में यदि कोई व्यक्ति जमानत पर है और उसके द्वारा पुनः ऐसा कृत्य किया जाता है,तो जमानतदार पर भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अवैध शराब से संबंधित किसी भी गतिविधि की रोकथाम को लेकर जिला प्रशासन मधुबनी कटिबद्ध है। इस संबंध में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बैठक में अपर समाहर्ता,पुलिस उपाधीक्षक मुख्यालय,सभी अनुमंडल पदाधिकारी,सभी एसडीपीओ अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी,सभी भूमि उप समाहर्ता,सभी अंचल अधिकारी,मधुबनी जिला के सभी थानाध्यक्ष,उत्पाद अधीक्षक,सहायक औषधि नियंत्रक शामिल थे।



