
बिहार के नये उद्योग मंत्री समीर महासेठ की पहचान व्यवहार व कार्यकुशलता
सुबे बिहार के नये उद्योग मंत्री समीर कुमार महासेठ अपने व्यवहार एवं कार्यकुशलता से अपने क्षेत्र में पहचाने जाते हैें। नई राज्य सरकार में उद्योग मंत्री बने समीर महासेठ मधुबनी विधानसभा से दूसरी बार वर्ष 2020 में विधायक बने थे। समीर महासेठ के मंत्री बनने से लोग बेहतर कार्य के प्रति आशान्वित हैं। बिहार सरकार के पशुपालन एवं मत्स्यपालन मंत्रालय के पूर्व मंत्री राजकुमार महासेठ के पुत्र समीर महासेठ को पहली बार मंत्री बनाये जाने से मधुबनी जिला मुख्यालय में मंगलवार को लोगों में जश्न का माहौल देखा गया। लोगों ने एक-दुसरे को अवीर लगाया और मिठाई खिलाई।
समीर कुमार महासेठ पहली बार 2015 में विधायक निर्वाचित हुए थे। वे लगातार चार बार विधायक रहे भाजपा उम्मीदवार रामदेव महतो को हराकर विधायक निर्वाचित होने के साथ विधानसभा पहुंचे थे। श्री महासेठ विधायक से पुर्व वर्ष 2003 से 2009 तक बिहार विधान परिषद में एमएलसी बनकर पंचायत प्रतिनिधियों का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं। वे अपने एमएलसी कार्यकाल में मधुबनी जिले के हर प्रखंड में एक-एक भवन का निर्माण पंचायत प्रतिनिधियों के सुविधा के लिए करवाया था। जिससे वे पंचायत प्रतिनिधियों के बीच काफी चर्चा बन रहे थे। समीर महासेठ अपने विधानसभा क्षेत्र मधुबनी में काफी चर्चा में रहते हैं। वे कभी भी धर्म एवं जाति की राजनीति नही की। वे हमेषा हर धर्म एवं हर जाति के लोगों को साथ लेकर विकास कार्य का अंजाम देते रहे हैं।
बताते चलें कि समीर कुमार महासेठ वर्ष 2009 में कांग्रेस पार्टी के टिकट पर सीतामढ़ी लोकसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ चुके हैं। परंतू उन्हे पराजय का सामना करना पड़ा था। मधुबनी शहर के गांधी बाजार निवासी 60 वर्षीय समीर कुमार महासेठ एम.कॉम. डिग्रीधारी हैं। इनका पटना में व्यवसाय भी चलता है। समीर महासेठ वैश्य समाज से आते हैं। पिछले चुनाव में मधुबनी विधानसभा सीट से इन्होनें एनडीए के घटक दल रहे वीआइपी के टिकट पर चुनाव मैदान में उतरे भाजपा नेता सुमन महासेठ को पराजित किया था। इस बार के मंत्रिमंडल में वैश्य समाज से एकमात्र चेहरा समीर महासेठ ही रहे हैं। राजद ने इन्हें मौका देकर वैश्य समाज पर अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश की है।
वहीं समीर महासेठ पर के खिलाफ किसी भी तरह का आपराधिक मामला दर्ज नहीं है। वे विधानसभा चुनाव वर्ष 2020 के दौरान दिए गए शपथ पत्र के अनुसार इनके पास कुल दो करोड़ 83 लाख दो हजार 822 रुपये की चल संपत्ति है। उस समय इनके बैंक खातों में 64 लाख 53 हजार 893 रुपये जमा थे। इनके पास दो कार एवं 25 ग्राम सोना भी शपथ पत्र में दर्शाया गया है। इसके अलावा समीर महासेठ 18 करोड़ 10 लाख की अचल संपत्ति के मालिक भी हैं। सुबे के नये उद्योग मंत्री समीर कुमार महासेठ से उद्योगपतियों को उद्योग के क्षेत्र में विकास को लेकर काफी उम्मीदें है।
लेखक:- मो. आकिल हुसैन।



