बिहार

नीतीश कैबिनेट: महिलाकर्मी से अभद्र व्यवहार करने वाले मोतिहारी के तत्कालीन DPO को सेवानिवृत्ति सहित 14 एजेंडों पर मुहर

पटना- 03 अक्टूबर। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई मंत्रिमंडल की बैठक में महिला कर्मी के साथ अभद्र व गंदा व्यवहार करने, अपशब्द बोलने तथा कार्य स्थल पर महिला उत्पीड़न के गंभीर आरोपों के घेरे में आए मोतिहारी के तत्कालीन जिला योजना पदाधिकारी (डीपीओ) स्वामी नाथ मांझी को अनिवार्य सेवानिवृत्ति के दंड सहित कुल 14 एजेंडों पर मुहर लगाई गई।

मंत्रिमंडल के फैसले की जानकारी देते हुए कैबिनेट अपर मुख्य सचिव ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट में दायर 02/ 2021 में पारित आदेश के आलोक में जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के लिए अनुबंध पर 30 निम्न वर्गीय लिपिक का पद सृजित किया गया है। बिहार उच्च न्यायालय नियमावली-2023 एवं बिहार असैनिक सेवा न्याय शाखा नियमावली-2023 की स्वीकृति दी गई है।

कैबिनेट सचिव ने बताया कि डॉ. कलाम साइंस सिटी पटना के निर्माण एवं विकास के लिए चयनित कंसलटेंट के लिए स्वीकृत परामर्श शुल्क चार करोड़ 25 लाख रुपये एवं पुनरीक्षित परामर्श शुल्क 06 करोड़ 03 लाख 10 हजार 761 रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। बिहार अभियंत्रण विश्वविद्यालय पटना के लिए भवन निर्माण एवं अन्य कार्य के लिए 66 करोड़ 92 लाख 11 हजार रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है।

प्रखंड विकास पदाधिकारी नरकटियागंज जो वर्तमान में जमुई के खैर में बीडीओ के पद पर पदस्थापित हैं उनके खिलाफ भ्रष्ट आचरण का आरोप प्रमाणित हो गया। लिहाजा राघवेंद्र कुमार त्रिपाठी को अनिवार्य सेवा निवृत्ति का दंड दिया गया है। 05 फरवरी, 2020 को नरकटियागंज के तत्कालीन बीडीओ राघवेंद्र कुमार त्रिपाठी अपने निजी वाहन से घर के लिए जा रहे थे। तब उनके वाहन से करीब 7 लाख रुपये कैश बरामद हुआ था। इस मामले को लेकर आर्थिक अपराध इकाई ने छानबीन शुरू की और सरकारी नंबर जब्त कर लिया था।

बिहार के इंजीनियरिंग कॉलेज एवं पॉलिटेक्निक संस्थानों के भवनों की मरम्मत एवं रख-रखाव को लेकर संबंधित प्राचार्य को प्रशासनिक स्वीकृति की शक्ति दी गई है। राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज एवं पॉलिटेक्निक संस्थान प्रयोगशाला सहायक तकनीकी संवर्ग नियमावली-2023 की स्वीकृति दी गई है। राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज एवं पॉलिटेक्निक संस्थान प्रयोगशाला सहायक विज्ञान संवर्ग नियमावली-2023 की स्वीकृति दी गई है।

बिहार अभियंत्रण विश्वविद्यालय पटना में आवश्यकता के अनुरूप प्रशाखा पदाधिकारी के पूर्व में स्वीकृत तीन पदों को प्रत्यर्पित किया गया है। साथ ही पदाधिकारी और कर्मियों को मिलाकर कुल 16 अतिरिक्त पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई है। 100 पशु चिकित्सालय सह आवास के भवन निर्माण के लिए प्रति पशु चिकित्सालय 107 लाख 69 हजार रुपये की दर से एक अरब सात करोड़ 69 लाख रुपये व्यय की स्वीकृति दी गई है।

बिहार में प्रमंडल स्तर पर गठित किए जाने वाले वाहन दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण के लिए अध्यक्ष का सात पद, अपर जिला परिवहन पदाधिकारी के 7 पद, उच्च वर्गीय लिपिक के 7 पद, निम्न वर्गीय लिपिक के 7 पद एवं आशुलिपिक के 7 पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई है। समस्तीपुर मंडल अन्तर्गत आने वाले दलसिंह सराय रेलवे क्रॉसिंग आरओबी निर्माण के लिए 97 करोड़ 20 लाख 83,000 राज्यांश समेत कुल 135 करोड़ 01 लाख 81,000 की अनुमानित लागत पर प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है।

Join WhatsApp Channel Join Now
Subscribe and Follow on YouTube Subscribe
Follow on Facebook Follow
Follow on Instagram Follow
Follow on X-twitter Follow
Follow on Pinterest Follow
Download from Google Play Store Download

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button