
झारखंड में अबतक नहीं सुलझा विधानसभा में नमाज कक्ष का विवाद
रांची- 15 दिसंबर। झारखंड विधानसभा का शीतकालीन सत्र 16 से 22 दिसंबर तक चलेगा, लेकिन जैसे मुद्दे राज्य में छाए हुए हैं, उससे यह अंदाजा लगाया जा रहा है कि शीतकालीन सत्र बमुश्किल ही चल पाएगा। नमाज कक्ष को लेकर विवाद शीतकालीन सत्र में भी हंगामे का सबब बन सकता है।
इस मामले के समाधान के लिए गठित विशेष समिति की बैठक के बाद समिति के सदस्य प्रदीप यादव ने बताया कि अभी अन्य राज्यों से इस संबंध में रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। सदस्यों को जानकारी दी गई कि बंगाल विधानसभा से रिपोर्ट प्राप्त हो गई है। जानकारी के मुताबिक बंगाल विधानसभा परिसर में इसके लिए जगह निर्धारित है। अन्य राज्यों से रिपोर्ट मिलने के बाद विशेष समिति किसी ठोस नतीजे पर पहुंचेगी।
उल्लेखनीय है कि विधानसभा के मानसून सत्र में इस मसले को लेकर सदन में हंगामा हुआ था, जिसके बाद झामुमो विधायक सरफराज अहमद के सुझाव पर नमाज कक्ष मामले का निदान निकालने के लिए विधानसभा अध्यक्ष रबीन्द्रनाथ महतो ने विशेष कमेटी गठित की। प्रो. स्टीफन मरांडी विशेष समिति के सभापति हैं। सभी दलों के विधायक समिति में शामिल किए गए हैं। कमेटी ने पश्चिम बंगाल, ओडिशा, बिहार और छत्तीसगढ़ से पूछा है कि क्या आपके राज्य में नमाज कक्ष की व्यवस्था है या नहीं। पश्चिम बंगाल, ओडिशा और छत्तीसगढ़ की तरफ से जवाब आ गया है। वहीं बिहार ने जवाब नहीं आया है। पश्चिम बंगाल ने अपने यहां नमाज कक्ष की व्यवस्था की बात कबूली है, वहीं ओडिशा और छत्तीसगढ़ ने कहा है कि उनके राज्य में ऐसी कोई व्यवस्था नहीं है।
नौकरी और नियुक्ति नियमावली, नेता प्रतिपक्ष, जेपीएससी जैसे मुद्दे छाए रहने की उम्मीद
विधानसभा के मानसून सत्र में इस बार नौकरी और नियुक्ति नियमावली, नेता प्रतिपक्ष और जेपीएससी जैसे प्रमुख मुद्दों के छाए रहने की उम्मीद है। आए दिन जेपीएससी को लेकर मीडिया में नए-नए खुलासे हो रहे हैं। जिस तरह के प्रमाण मीडिया में आ रहे हैं, उससे सातवीं, आठवीं, नौवीं और दसवीं जेपीएससी में गड़बड़ी की आशंका काफी प्रबल होती जा रही है। जेपीएससी की तरफ से 49 ओएमआर शीट का गायब हो जाना, निरीक्षक का हस्ताक्षर ना होना और बुकलेट के सीरियल में गड़बड़ी की बात सामने आना, देवघर डीसी मंजूनाथ भजंत्री को केन्द्रीय चुनाव आयोग द्वारा हटाने का मामला, नेता प्रतिपक्ष, नौकरी और नियुक्ति नियमावली हंगामे का मुख्य कारण बनेगा। भाजपा जेपीएससी में हुई गड़बड़ियों की जांच और दोषी पर कार्रवाई करने की मांग करेगी, जिससे सदन बाधित रहने की संभावना है।



