
कोरोना से मृत डॉक्टर एवं नर्सिंग स्टाफ को शहीद का दर्जा मिले: मांझी
पटना-6 जनवरी। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और हम पार्टी प्रमुख जीतन राम मांझी ने आज सरकार से मांग करते हुए कहा है कि सरकार कोरोना से मृत डॉक्टर/नर्सिंग स्टाफ को शहीद का दर्जा दे। जीतन राम मांझी ने आज अपने ट्वीट पर लिखा है कि कोरोना में डॉक्टर/नर्सिंग स्टाफ की भूमिका की जितनी प्रशंसा की जाए वह कम है। कोरोना होने पर अपने जब साथ छोड़ देतें हैं तो यही चिकित्सक और नर्सिंग स्टाफ ही हमारे अपनों से बढ़कर हमारी सेवा करतें हैं। सरकार कोरोना से मृत डॉक्टर/नर्सिंग स्टाफ को शहीद का दर्जा दे, यही उनका सम्मान होगा।
उल्लेखनीय है कि जीतन राम मांझी कोरोना संक्रमित हैं। मांझी के साथ उनकी पत्नी,बेटी-बहू सहित परिवार और सुरक्षा में लगे 18 लोग कोरोना पॉजिटिव हैं। फिलहाल सभी लोग अपने गांव महकार में हैं और वहीं पर उनका इलाज चल रहा है। इधर, मांझी के मांगों का समर्थन आईएमए ने भी किया है। संस्था ने सरकार से अनुरोध किया है कि महामारी के दौरान असामयिक मृत्यु की स्थिति में, वो संबंधित डॉक्टरों को कोविड शहीद का दर्जा और मुआवजा दे। डॉ सहजानंद ने कहा है कि आईएमए मुख्यालय और राज्य शाखा, दोनों ही कोविड के तेजी से प्रसार की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं।



