
अल्पसंख्यक विद्यार्थियों के धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा करने की मांग
रांची-07 दिसम्बर। नेशनल स्टूडेंट यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई) के प्रदेश सचिव रोहित पांडेय ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंप कर योगदा सत्संग महाविद्यालय में पढ़ने वाले अल्पसंख्यक विद्यार्थियों के धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा करने की मांग की है। रोहित ने बताया कि आरोप है कि यह महाविद्यालय विगत कुछ समय से उच्च शिक्षा के नाम पर विद्यार्थियों के बीच योगदा पंथ का आक्रामक धार्मिक प्रचार प्रसार कर रहा है। ऑनलाइन क्लास के नाम पर बने विद्यार्थियों के व्हाट्सअप ग्रुप में योगदा पंथ की धार्मिक प्रचार सामग्री महाविद्यालय के अतिरिक्त सचिव सह प्रभारी प्राचार्य और उप प्राचार्य के निर्देश पर महाविद्यालय के शिक्षक शिक्षिकाओं द्वारा डाली जा रही है।
विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों में महाविद्यालय के इस कृत्य से काफी रोष है। लेकिन बच्चों की पढ़ाई बाधित होने के भय से वो खुल कर सामने नहीं आ पा रहें है।महाविद्यालय के कार्यक्रमों में विद्यार्थियों को धार्मिक शिक्षा दी जाती है और सांसारिकता छोड़ने के लिए प्रेरित किया जाता है।
उन्होंने कहा कि एनएसयूआई मुख्यमंत्री से इस मामले की जांच कराने और अयोग्य प्रभारी प्राचार्य एवं कर्मचारियों को सेवा से हटाने का आदेश निर्गत करने का अनुरोध किया है।



