
MADHUBANI:- शिक्षा विभाग के डीपीओ लापता, पत्नी ने दर्ज करायी FIR, मुजफ्फरपुर पुलिस ने कर्मियों से की पुछताछ
मधुबनी- 06 फरवरी। शिक्षा विभाग के डीपीओ राजेश कुमार मिश्रा के अपने मुजफ्फरपुर स्थित आवास से गायब होने के बाद अपहरण की दर्ज कराई गई प्राथमिकी की सूचना मिलते ही जिले में हड़कंप मच गया है। शिक्षा विभाग में वे पीएम पोषण योजना,समग्र शिक्षा,योजना एवं लेखा, माध्यमिक शिक्षा तथा प्रारंभिक शिक्षा के डीपीओ के रूप में पदस्थापित हैं। वे शनिवार को मधुबनी से अपने लिए आवंटित सरकारी वाहन से अपने घर गए थे वहां से रविवार को दोपहर खाना खाने के बाद घर से पैदल ही बाहर निकले इसके बाद इनकी कोई जानकारी परिजन व जिला के पदाधिकारी व कर्मी को नहीं है इनकी पत्नी अर्चना कुमारी द्वारा दर्ज कराई गई प्राथमिकी के बाद हरकत में आई पुलिस ने शनिवार और रविवार को उनके विभिन्न मोबाइल पर किए गए कॉल को खंगाला है सरकारी नंबर के अलावा उनके दो निजी मोबाइल नंबर है। इन दो दिनों में जिन लोगों से बात हुई है।

मुजफ्फरपुर पुलिस ने उन सभी से मोबाइल पर पूछताछ की है। अंतिम बातचीत किस तरह की हुई उसकी जानकारी ली गई है। इनके कथित अपहरण की घटना सामने आने के बाद इनके सभी संभागीय कार्यालय में सन्नाटा पसरा रहा। डीईओ दिनेश कुमार चोधरी ने इनकी पत्नी द्वारा दायर किए गए मामले के आलोक में डीएम अरविंद कुमार वर्मा को पत्र लिखा है। जिसमें उन्होंने इस संबंध में अग्रेतर कार्रवाई करने का अनुरोध किया है। बताया कि वे उनके परिजनों से लगातार संपर्क में है और वरीय अधिकारियों को भी इसकी सूचना दी गई है। इधर इनके संभागीय कार्यालय में सोमवार को कई तरह की चर्चाएं होती रही। सोमवार को संभागीय कार्यालय खुलने के साथ ही कर्मियों ने शनिवार को हुई घटनाओं को जोड़ने की कोशिश में जुटे रहे। साक्षरता कार्यालय में पदस्थापित ऑपरेटर मोहम्मद आफताब को शनिवार को उन्होंने एक अकाउंट में 11000 जमा करने का आदेश दिया था। इस अकाउंट में काफी मशक्कत के बाद मोहम्मद आफताब ने राशि ट्रांसफर किए थे इसी तरह पीएम पोषण योजना के जिला समन्वयक राम कुमार के द्वारा भी उन्होंने एक अकाउंट में 21000 जमा करवाए थे इनके द्वारा कर्मियों से अकाउंट में जमा करवाई गई राशि के तार से इस घटनाक्रम को जोड़ने की चर्चाएं होती रही ।
कर्मियों ने बताया कि शनिवार को वे काफी बेचैन सा दिख रहे थे और फोन पर ऐसा लग रहा था कि कोई उन्हें ब्लैकमेल कर रहा है और वह इससे बचने के लिए उसके अकाउंट में राशि को जमा करवाया । मोहम्मद आफताब ने बताया की राशि जमा कराने के बाद भी जिनके अकाउंट में राशि दी गई है। उसके द्वारा बार-बार धमकी दी जा रही थी और गाली गलौज भी किया जा रहा था मुजफ्फरपुर पुलिस ने मो. आफताब सहित जिले के आधे दर्जन से अधिक कर्मियों और अधिकारियों से मोबाइल पर पूछताछ की है। तथा सभी सूत्रों को जोड़ने की कोशिश अपने स्तर से कर रही है योजना एवं लेखा संभाग में दोपहर बाद तक कर्मी गुमसुम बैठे हुए थे वही पोषण योजना में शिक्षक एवं साधन सेवी का आना जाना लगा हुआ था समग्र शिक्षा अभियान कार्यालय में लोग सहमे हुए थे। साक्षरता कार्यालय कर्मी मो. आफताब घटनाक्रम के बाद से काफी भयभीत है।



