
BEGUSARAI:- सुशासन दिवस पर नहीं होगा गंगा पुल का उद्घाटन,सीएम के निर्देश पर टला कार्यक्रम
बेगूसराय- 24 दिसंबर। भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेयी के जयंती के अवसर पर योग नगरी मुंगेर को औद्योगिक राजधानी बेगूसराय सहित मिथिलांचल और सीमांचल से जोड़ने वाले श्रीकृष्ण सिंह सेतु के 25 दिसंबर को होने वाला उद्घाटन कार्यक्रम टल गया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार गंगा नदी पर बने इस पुल के एप्रोच रोड एनएच-333 बी का काम पूरा नहीं होने के कारण मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने उद्घाटन करने से इनकार कर दिया तथा सभी काम को युद्ध स्तर पर पूरा करने का निर्देश दिया गया है। अब संभावना जताई जा रही है कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण द्वारा सभी काम पूरा होने पर जनवरी में या उसके बाद उद्घाटन होगा।
उल्लेखनीय है कि 25 दिसंबर 2002 को तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने मुंगेर एवं साहेबपुर कमाल के बीच 3.75 किलोमीटर लंबे सड़क-सह-पुल का शिलान्यास किया और पांच वर्ष यानी 2007 में यह पुल बनकर तैयार हो जाना था लेकिन राजनीतिक लफरेबाजी के कारण इसके निर्माण पर ग्रहण लग गया, कई रुकावट आई तथा धीरेे-धीरे लागत बढ़कर 2774 करोड़ रुपया हो गया। 2014 में प्रधानमंत्री बनने के बाद जब नरेंद्र मोदी की इस पर नजर गई तो केंद्र सरकार ने बिहार सरकार के साथ मिलकर निर्माण कार्य पूरा करने की कार्रवाई तेज किया। शिलान्यास के 14 वर्ष बाद 12 मार्च 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस पुल पर मालगाड़ी चलाकर रेल मार्ग का शुभारंभ किया, लेकिन सड़क मार्ग नहीं शुरू हो सका। शिलान्यास के समय का एलाइनमेंट बदल दिए जाने के कारण विरोध शुरू हो गया और तब से एलाइनमेंट अदला-बदली के चक्कर में मामला अटक कर रह गया। पिछले साल केंद्र एवं बिहार की सरकार ने पुल के सड़क मार्ग को पूरा करने का कार्य युद्ध स्तर पर शुरू करवाया तथा काम जोर-शोर से किए गए। पिछले महीने पुल के उद्घाटन का प्रयास तेज किया गया तथा युद्ध स्तर पर दिन-रात अप्रोच रोड बनाने का काम चलता रहा। विगत सप्ताह पथ निर्माण मंत्री नितिन नवीन ने पुल का जायजा लिया तथा काम तेज करने के निर्देश दिए तो अटल जी के जन्म दिवस के अवसर पर उद्घाटन का कार्यक्रम तय हुआ।
शनिवार 25 दिसंबर को अटल जी के जन्म दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार लाल दरवाजा मुंगेर के समीप आयोजित कार्यक्रम में पुल का उद्घाटन करने वाले थे। केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में उपस्थित होते और आमंत्रण कार्ड भी बंट चुका था। लेकिन काम पूरा नहीं होने के कारण मुख्यमंत्री ने शुक्रवार को अचानक उद्घाटन कार्यक्रम रद्द कर दिया। कार्यक्रम रद्द होने के बाद अधिकारियों में अफरा-तफरी मच गई है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार एप्रोच पथ में छह जगहों पर काम अधूरा है तथा इसे पूरा करने के बाद ही उद्घाटन होगा। अगर काम की औपचारिकता पूरी की गई तो जनवरी में उद्घाटन हो सकता है, लेकिन निर्माण एजेंसी से जुड़े अधिकारियों की मानें तो मार्च से पहले पूरी तरह से काम फाइनल होना मुश्किल है।



