
मधुबनी में धूप निकला पर जिलेवासियों को कंपकपी से नही मिली राहत
मधुबनी- 29 दिसंबर। कड़ाके ठंड की ठिठुरन से लोगों को राहत नहीं मिली। गुरुवार को 11 बजे के बाद सूरज निकला लेकिन उसकी गर्मी लोगों को कुछ देर के लिए राहत दे सका। सुबह में ग्यारह बजे तक लोग घरों में दुबके रहे। स्कूलों में छुट्टी होने के कारण बच्चे घरों में ही कैद रहे। लगातार तापमान लुुढ़कने के कारण
लोगों की हालत खराब रही। सूर्यास्त होने के साथ ही ठंड बढ़ गयी। लोग कंपकंपाने लगे। बाजार में मंदी दिखा। ठंड की वजह से दोपहर बाद ही लोग बाजार में निकले। इससे पहले सुबह में लोग बाजार में पहुंचे ही नहीं। इसकारण बाजार में मंदी बरकरार रही। सुबह दुकानें लेट से खुली क्योंकि ग्राहक ही सुबह और शाम नहीं बाहर आ रहे हैं। हवा की रफ्तार कम रही लेकिन कंपकंपी के कारण शाम में छह बजे के बाद ही शहर की सड़कें वीरान हो गयी। बाजार में सन्नाटा रहा। गर्म सामग्रियों को छोड़ अन्य मार्केट मंदा रहा। रिलक्सो शोरूम के मालिक मनोज पूर्वे, गरीब गुरवा अधिकार मंच के अध्यक्ष राजेन्द्र प्रसाद, साईकिल दुकानदार मो. साकिर और रूना मेडिकल के मो. अर्सी ने बताया कि बाजार में गर्म कपड़े, हीटर, तिलकूट,दवा को छोड़ दिया जाए, तो अन्य सामानों के दुकान में मंदी है। बाजार की यह मंदी शीघ्र खत्म हो इसकी आस दुकानदार लगाये हुए हैं। क्योंकि नये वर्ष को लेकर बाजार में तेजी आने की उम्मीद रहती है। ऐसे में देखना है कि इस कंपकंपाती ठंड से लोगों केा कब तक राहत मिल पाता है।
इधर इस ठंड के कारण दैनिक मजदूर, रिक्शा चालक और अन्य कामगारों की मुश्किलें बढ़ गयी है। एक तो काम ही कम मिल रहा है। यदि काम मिलता भी है तो काम करना मुश्किल बना हुआ है। काम के दौरान ठंड से इन मजदूरों की हालत खराब हो जा रही है। फुटकर विक्रेता जो दैनिक आमदनी पर निर्भर हैं, इनके परिवार के सामने भी भरण पोषण की समस्या उत्पन्न हो गयी है। ठंड कायम रहने के कारण बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर भी यात्रियों की संख्या काफी कम रही। रैन बसेरा में भी गरीब नहीं पहुंच पा रहे हैं।



