
MADHUBANI:- बाल हितों के संरक्षण के लिए सभी को समन्वयित प्रयास करने होंगेःडीएम
मधुबनी-29 जनवरी। जिला पदाधिकारी अमित कुमार के अध्यक्षता में बच्चों के खिलाफ हिंसा और दुर्व्यहवार की रोकथाम के लिए सामुदायिक स्तर के ढांचे व प्रणाली को मजबूत करने के संबंध में समाहरणालय के सभाकक्ष में आयोजित जिला स्तरीय कार्यशाला का दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारंभ किया गया। कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी महोदय ने कहा कि बाल संरक्षण को लेकर पूर्व से कई कानून चले आ रहे हैं। परंतु, जानकारी के आभाव में हम सही दिशा में प्रयास नहीं कर पाते हैं। आज के दिन हम सभी उन कानूनों और पूर्व के दिशानिर्देशों पर विमर्श कर स्वयं को अपडेट करें। बाल संरक्षण की चिंता, खुद की चिंता करने जैसा ही है। यह समूचा विमर्श आपके और हमारे भविष्य से जुड़ा हुआ है। आज हमारे कुछ बच्चे आर्थिक कठिनाई और उचित मार्गदर्शन के आभाव में विषम परिस्थितियों में फस जाते हैं। जिन्हें फौरी राहत की आवश्यकता होती है। इस परिप्रेक्ष्य में आप लोगों के साकांक्ष प्रयास से उन्हें संरक्षण प्रदान किया जा सकता है। आज बाल विवाह, बाल श्रम और बाल तस्करी जैसे मुद्दे पर व्यापक समझ के साथ समन्वयित रूप से प्रयास करने की जरूरत है। बच्चों के अधिकारों की रक्षा करना हम सभी का दायित्व होना चाहिए। उन्होंने प्रख्यात कवि विलियम वर्डस्वर्थ की कविता का उदाहरण देते हुए समझाया कि एक बच्चा एक व्यक्ति का पिता कैसे माना जाए। उन्होंने कहा कि आज के बच्चे ही तो भविष्य के नागरिक हैं।
बालपन में ही हमारे जीवन की आधारशिला रख दी जाती है। हमारी समझ और बौद्धिकता का आधार हमारे बचपन में ही रखा जाता है। उन्होंने बच्चों की सही शिक्षा और स्वास्थ्य संबंधी देखभाल की आवश्यकता पर भी बल दिया। उनके द्वारा आंगनवाड़ी की भूमिका को भी रेखांकित किया गया। बाल श्रम के परिप्रेक्ष्य में जिलाधिकारी ने निर्देश दिया है कि अब जिले में किसी भी विवाह समारोह के आयोजन की अनुमति पत्रक पर इस बात का भी उल्लेख आवश्यक होगा कि विवाह कार्यक्रम के आयोजन में बाल श्रम नहीं करवाया जाएगा। उन्होंने बाल संरक्षण के इस प्रकार की कार्यशाला को बेहद महत्वपूर्ण मानते हुए नियमित रूप से इसे आयोजित करने की आवश्यकता पर भी बल दिया।
उक्त कार्यशाला में डीडीसी विशाल राज,जिप अध्यक्ष श्रीमती बिंदु गुलाब यादव, मुख्यालय एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी, सीसीएचटी बिहार के राज्य संयोजक वाई.के.गौतम,सीसीएचटी के प्रमंडल संयोजक खष्टीनाथ झा, सखी संस्था की सचिव सह सीसीएचटी जिला समन्वयक श्रीमती सुमन सिंह के साथ साथ बाल संरक्षण से जुड़े विभिन्न सरकारी एवं गैर सरकारी संस्थाओं के अधिकारी व प्रतिनिधि मौजूद थे।



