
मोरबी पुल हादसा:- राजभवन में पीएम मोदी ने की उच्चस्तरीय बैठक, कहा- प्रभावितों को दें हर संभव मदद
अहमदाबाद- 31 अक्टूबर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुजरात के अपने तीन दिनों के प्रवास में दूसरे दिन सोमवार को मोरबी पुल हादसे पर राजभवन में उच्चस्तरीय बैठक की। इस बैठक में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल समेत अन्य मंत्री और अधिकारी भी मौजूद रहे।
बैठक में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता सुनिश्चित करने को कहा। बैठक में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, गृह राज्य मंत्री हर्ष संघवी, गुजरात के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक सहित राज्य के गृह विभाग और गुजरात राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण सहित अन्य शीर्ष अधिकारियों ने भाग लिया। समीक्षा बैठक में मोदी को मोरबी में हुए दुर्भाग्यपूर्ण हादसे के बाद से जारी बचाव और राहत कार्यों के बारे में जानकारी दी गई। हादसे से जुड़े सभी पहलुओं पर चर्चा की गई। मोदी मंगलवार को मोरबी दौरे पर जाएंगे। वह अस्पताल में भर्ती घायलों का हालचाल जानेंगे। पीएम मोदी घटनास्थल का दौरा भी कर सकते हैं। घटना के बाद प्रधानमंत्री ने अपने कई कार्यक्रमों को रद्द कर दिया है। सोमवार को होने वाला कार्यकर्ता मिलन समारोह, रोड शो समेत कई कार्यक्रमों को रद्द कर दिया गया।
गुजरात में रहते पूरी निगरानी रखीः घटना की जानकारी मिलते ही प्रधानमंत्री मोदी ने मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को घटनास्थल पर पहुंचने का निर्देश दिया था और मृतकों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की। मोदी कल रात से ही घटना पर पूरी नजर बनाए हुए हैं। उन्होंने राज्य सरकार के साथ लोगों को सांत्वना देते हुए कहा कि केंद्र सरकार हरसंभव मदद करेगी। मोरबी मामले में ओरेवा समूह ग्रुप के चार कर्मियों समेत नौ लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी। ब्रिटिश काल के दौरान बने इस पुल के रखरखाव और संचालन का ठेका ओरेवा समूह को मिला था। राजकोट रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) अशोक यादव ने कहा कि इन नौ लोगों में से दो लोग मैनेजर हैं, जबकि दो पुल के पास टिकट बुकिंग क्लर्क हैं।
उन्होंने कहा कि मामले की गहन जांच करेंगे और दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा। पुलिस ने केबल पुल के रखरखाव और संचालन का काम देखने वाली एजेंसियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या के आरोप में एक प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस के अनुसार भारतीय दंड संहिता की धारा 304 (गैर इरादतन हत्या की सजा) और 308 (गैर इरादतन हत्या का प्रयास) के तहत मामला मोरबी में दर्ज किया गया है।



