ताज़ा ख़बरें

पावरलूम बंद कर बुनकर अगहनी जुमे की नमाज अदा करेंगे,तरक्की के लिए अल्लाह से दुआ

वाराणसी-02 दिसम्बर। धर्म नगरी काशी में बुनकर मुर्री (पावरलूम) बंद कर अगहनी जुमे की नमाज शुक्रवार को अदा करेंगे। इसको लेकर बुनकरों में उत्साह है। चौकाघाट स्थित मछली मंडी ईदगाह और पुराना पुल स्थित ईदगाह पुलकोहना में अगहनी जुमा की नमाज रवायत के अनुसार अदा की जायेगी। बुनकर बिरादराना की ओर से पढ़ी जाने वाली अगहनी जुमे की नमाज तीन दिसंबर को चौकाघाट मछली मंडी स्थित ईदगाह में पढ़ी जाएगी। बुनकर बिरादराना तंजीम बाईसी के सरदार हाजी एकरामुद्दीन और बावनी के सद्र हाजी मुख्तार महतो की सदारत में नमाज पढ़ी जायेगी। अगहनी जुमे की नमाज़ मुल्क की तरक्की,बुनकरों के कारोबार में बरकत, हिन्दू मुस्लिम भाईचारा के लिए सैकड़ों साल पहले शुरू हुई थी। यह परम्परा आज भी कायम है। बाइसी के सरदार हाजी एकरामुद्दीन ने बताया कि अगहनी जुमे की नमाज की ये परंपरा लगभग 450 साल पुरानी है। जब देश में सूखा पड़ा था। जिसकी वजह से किसान परेशान थे, बारिश न होने से किसान खेती नहीं कर पा रहे थे। बुनकरों के बुने कपडे़ बिक नहीं रहे थे । हर तरफ भुखमरी का आलम था। तब बुनकरों ने कारोबार को बंद करके अगहन महीने में जुमे के दिन ईदगाह में इकठ्ठा होकर नमाज अदा कर अल्लाह ताला के बारगाह में दुआएं मांगी थी। इसके बाद अल्लाह के रहमो करम से बारिश हुई और देश में खुशहाली आई। बुनकरों के कारोबार भी चलने लगे तब से यह परंपरा बनारस में मनाई जाने लगी। शुक्रवार को बनारस के सभी बुनकर अपना काम बंद कर इस परंपरा को निभाने के लिए दोनों ईदगाहों पर एकत्र होंगे।

Join WhatsApp Channel Join Now
Subscribe and Follow on YouTube Subscribe
Follow on Facebook Follow
Follow on Instagram Follow
Follow on X-twitter Follow
Follow on Pinterest Follow
Download from Google Play Store Download

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button