क्राइमबिहार

निगरानी ने रिश्वत लेते देवधा थाना के दारोगा एवं चौकीदार को दबोचा

निगरानी के गिरफ्त में एएसआई सुभाष चंद्र राम एवं चौकीदार रामप्रीत पासवान।

मधुबनी। निगरानी विभाग पटना की टीम ने शुक्रवार को देवधा थाना में पदस्थापित एएसआई सुभाष चंद्र राम एवं चौकीदार रामप्रीत पासवान को रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। जयनगर के होटल अम्बे में निगरानी विभाग के अधिकारियों ने प्रेस कांफ्रेंस में बताया कि देवधा थाना क्षेत्र निवासी ऋषिकेश कुमार ने अपने एक मामले में देवधा थाना कांड संख्या-110/21 में अपने पक्ष में काम करने  के लिए थाना के एएसआई सुभाष चंद्र राम के द्वारा 26 हजार रुपये रिश्वत की मांग की गई थी। ऋषिकेश कुमार ने रिश्वत की रकम अधिक होने और इतनी बड़ी राशि रिश्वत देने में सक्षम नहीं होने पर मामले को निगरानी विभाग पटना से शिकायत किया था। पीड़ित ऋषिकेश कुमार द्वारा  मामले को निगरानी विभाग पटना में दर्ज कराया गया। निगरानी विभाग ने इस मामले में छानबीन शुरू कर दिया और जांच करने पर सत्य पाया गया। शुक्रवार को निगरानी विभाग पटना के डीएसपी एसके माउवार के नेतृत्व में आठ सदस्यीय निगरानी विभाग के अधिकारियों  की टीम ने देवधा थाना परिसर में पीड़ित ऋषिकेश कुमार के द्वारा एएसआई सुभाष चंद्र राम को 26 हजार  रिश्वत की राशि लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया। जबकि स्थल पर मौजूद चौकीदार रामप्रीत पासवान को  भी गिरफ्तार किया है। इस अभियान में डीएसपी अरुणोदय पांडेय,डीएसपी राजीव कुमार सिंह, इंस्पेक्टर अनील कुमार, नागेंद्र राय व श्याम बाबू प्रसाद, एसआई गणेश कुमार, संजय कुमार चतुर्वेदी, एएसआई सितेष कुमार एवं सिपाही मनिकांत कुमार व अभिषेक कुमार शामिल थें। बता दें कि इससे पूर्व जयनगर में निगरानी विभाग के द्वारा रिश्वत लेते हुए चार अधिकारीयों को गिरफ्तार किया था। जिससे वर्ष 2008 में जयनगर अंचल के अंचल निरीक्षक महेश कुमार, 2012 में जयनगर के निबंधन पदाधिकारी मोहन कुमार व 2016 में जयनगर अनुमंडल के पूर्व एसडीओ गुलाम मुस्तफा अंसारी व डीएसपी चंदन पूरी शामिल हैं। 

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