
आयुर्वेद के क्षेत्र में डॉ. सुनील दूबे का नाम किसी परिचय का मोहताज नहीं
पटना- 09 मार्च। आयुर्वेदाचाय एवं लंगरटोली स्थित दूबे क्लिनिक के निदेशक डॉ. सुनील कुमार दूबे का नाम आज किसी परिचय का मोहताज नहीं है। चिकित्सा से लेकर समाजसेवा तक के क्षेत्रा में उन्होंने अपना परचम लहराया है। डॉ. दूबे की ख्याति राज्य ही नहीं अपितु देश एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर है। उनके मरीजों में एक बड़ी संख्या खाड़ी देशों एवं पश्चिमी देशों अमेरिका,कनाडा इत्यादि की भी है। देश के जाने-माने वैद्य एवं कई राष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित सुभाष दूबे के पुत्र डॉ. सुनील दूबे ने कामेश्वर सिंह दरभंगा संस्कृत विश्वविद्यालय से बी.ए.एम.एस. किया है। गोल्ड मेडेलिस्ट डॉ. दूबे को अमेरिका की प्रतिष्ठित बॉल-ब्रिज विश्वविद्यालय ने आयुर्वेद में उनके योगदान के लिए “डॉक्टरेट”की मानद उपाधि से भी अलंकृत किया है। आयुर्वेद में डॉ. दूबे के रोल एवं शोध् के लिए उन्हें भारत गौरव अवार्ड से सम्मानित किया गया है। इसके अतिरिक्त भी डॉ. दूबे को कई राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय अवार्ड मिल चुके हैं।
पटना के प्रतिष्ठित लंगरटोली चौक पर उनका अपना भव्य क्लिनिक है, जहाँ पह 12.00 बजे दिन से सायं 6.00 बजे तक मरीजों को देखते हैं। डॉ. दूबे को गुप्त एवं यौन रोगों के अतिरिक्त चर्म एवं पेट से संबंधित रोगों पर भी महारथ हासिल है। वह कई जटिल बीमारियों पर शोध् भी कर चुके हैं। ‘हल्दी कैसर का रामबाण इलाज’ नाम का उनका लेख एवं शोध् देश पैमाने पर चर्चा में रहा है तथा कई जाने-माने चिकित्सकों एवं वैज्ञानिकों ने भी उसकी प्रशंसा की है। इस संबंध में डॉ. दूबे ने बताया कि उनके पास जीवन से मायूस मरीज़ आते हैं। इनमें अधिकांश संख्या अविवाहित युवाओं की होती है।
उन्होंने कहा कि उनकी दवाओं का कोई साइड इपफेक्ट नहीं है। यहाँ तक कि मधुमेह, हृदय रोग एवं अन्य बीमारियों से ग्रसित मरीज भी इनका बेधड़क उपयोग कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि आज गुप्त एवं यौन रोग एक संक्रमण की तरह फैल रहा है। अज्ञानता एवं नासमझी में की गई गलती का खामियाजा युवा अवस्था में भुगतना पड़ता है, जिसका प्रभाव विवाहित जीवन पर पड़ता है। कई मामलों में तो तलाक एवं आत्महत्या तक बात पहुँच जाती है। लेकिन इसका कुछ कारण मनोवैज्ञानिक भी है, इसीलिये वह मरीज के इलाज के साथ ही उसकी काउंसिलिंग भी करते हैं । इलाज के संबंध में किसी भी प्रकार की जानकारी या सलाह 24 x 7 सुबह 12.00 बजे से सायं 6.00 बजे तक मोबाइल नं.-9155555112 पर प्राप्त की जा सकती है।



