
बिहार में सेब की खेती करने वालों को मिलेगा अनुदान
पटना- 21 नवंबर। बिहार में कृषि क्षेत्र को आर्थिक रूप से संबल करने के लिए मुजफ्फरपुर में पहली बार सेब की खेती के लिए किसानों को अनुदान दिया जायेगा। मुजफ्फरपुर के अलावा भागलपुर, बेगूसराय,औरंगाबाद,वैशाली,कटिहार एवं समस्तीपुर जिले को भी इस योजना के लिए चयनित किया गया है।
मुजफ्फरपुर जिले के मुशहरी प्रखंड में स्थित उद्यान विभाग के सहायक उद्यान निदेशक शंभू प्रसाद ने बताया कि अनुदान पर सेब की खेती करने वाले किसानों को उद्यान विभाग के पोर्टल पर आवेदन करना होगा। आवेदन में जमीन का पेपर, आधार कार्ड, बैक पासबुक, किसान रजिस्ट्रेशन, फोटो आदि देना होगा।
शंभू प्रसाद ने बताया कि बिहार के सात जिलों में 10 हेक्टेयर में सेब की खेती होगी। खेती करने वाले किसानों को उद्यान विभाग की ओर से 50 प्रतिशत अनुदान मिलेगा। विशेष उद्यानिक फसल योजना (निजी व सार्वजनिक क्षेत्र) वर्ष 2021-22 के तहत सेब की खेती के लिए सभी जिले में भौतिक व वित्तीय लक्ष्य निर्धारित कर दिया गया है। इसके तहत भागलपुर, बेगूसराय, वैशाली को दो-दो हेक्टेयर का लक्ष्य दिया गया है, जबकि मुजफ्फरपुर, औरंगाबाद, कटिहार, समस्तीपुर को एक-एक हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य दिया गया है।
उन्होंने बताया कि सेंटर ऑफ एक्सिलेंस देसरी से सेब का पौधा उपलब्ध कराया जायेगा। किसान अक्टूबर से फरवरी तक पौधा लगा सकते है। सेब की खेती करने वाले किसानों को 60:20:20 के अनुपात में तीन किश्तों में अनुदान की राशि दी जायेगी। दूसरी किश्त का अनुदान प्रथम वर्ष में लगाए गये 75 प्रतिशत पौधे जीवित रहने पर वर्ष 2022-23 में दिया जायेगा। तीसरी किस्त दूसरे वर्ष में 90 प्रतिशत पौधे जीवित रहने पर वित्तीय वर्ष 2023-24 में दिया जायेगा।
प्रति हेक्टेयर 625 सेब के पौधे लगाए जायेंगे, जिसे चार-चार मीटर की दूरी पर लगाना है। एक हेक्टेयर सेब की खेती पर दो लाख 46 हजार 250 रुपये की लागत आयेगी। इसमें किसानों को लागत का 50 प्रतिशत यानी एक लाख 23 हजार 125 रुपये का अनुदान मिलेगा।



